रोहतक जेल में क़ैदीयों ने की हड़ताल

डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम रोहतक की जिस जेल में बंद हैं, वहां के कैदियों ने हड़ताल कर दी है। जेल में मूलभूत सुविधाएं नहीं मिलने और बाबा की वजह से पिछले एक हफ्ते से कैदियों को किसी से मुलाकात का मौका नहीं दिया जा रहा है। कैदियों की हड़ताल का खुलासा उस वक्त हुआ, जब शुक्रवार को पेशी के लिए एक कैदी जेल से बाहर आया।
बता दें कि रोहतक की इस जेल में 26 अगस्त की शाम से गुरमीत राम रहीम मौजूद हैं। उनकी सुरक्षा की वजह से किसी भी कैदी को परिजनों या परिचितों से नहीं मिलने दिया जा रहा है। करीब 1345 कैदियों की क्षमता वाली यह जेल इस समय बंदियों से लबालब भरी है। अभी यहां डेढ़ हजार कैदी बंद हैं।
एडवोकेट राजेश साहरण ने बताया कि गांव कारौर निवासी अनिल, रोहतक की सुनारिया जेल में हत्या के मामले में बंद है। मामला कोर्ट में विचाराधीन है। शुक्रवार को अनिल पेशी के लिए कोर्ट लाया गया था। यहां पर उसने अपने वकील को बताया कि जिस दिन राम रहीम को जेल में लाया गया था, उसी दिन जेल प्रशासन ने उनका बैरक खाली करवा दिया था। इसके बाद 13 कैदियों को दूसरे बैरक में बंद कर दिया। इनमें अनिल भी शामिल था। आरोप है कि बैरक में कैदियों को न तो चादर और कंबल दिया गया, न ही उन्हें अपने परिजनों से मिलने दिया गया। बाबा की वजह से उनको काफी परेशानी हो रही है। कई बार जेल प्रशासन के सामने मांग रखने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके विरोध में कैदियों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। जब इस संबंध में जेल अधीक्षक से बात करने का प्रयास किया गया, तो उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की।