रक्षाबंधन पर सीएम मनोहर लाल की सौगात, 11 नए महाविद्यालय खोलने की घोषणा

CM Manohar Lal's gift on Rakshabandhan, 11 new colleges announced

चंडीगढ़। हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने रक्षाबंधन के पावन अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान को आगे बढ़ाते हुए 11 नए महाविद्यालय खोलने की घोषणा की। इसके साथ ही, हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है, जहां 15 किलोमीटर की परिधि में एक महाविद्यालय होगा। आज पंचकूला के सैक्टर-1 स्थित राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में आयोजित एक समारोह में मुख्यमंत्री ने इन कॉलेजों की घोषणा की। इसके साथ ही, मनोहर लाल ने वृक्षारोपण किया तथा पर्यावरण की रक्षा के लिए लोगों से वृक्षबंधन का भी आह्वान किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा दान एक महादान है। इसी के मद्देनजर प्रदेश में गत 5 वर्षों में 97 नए कॉलेज खोले गए जबकि पिछले 48 वर्षों में केवल 75 कॉलेज ही खोले गए थे। उन्होंने कहा कि संयोग की बात है कि हाल ही में नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति घोषित हुई है। इसमें वर्ष 2030 तक उच्चतर शिक्षा में ग्रॉस इनरोलमेंट रेश्यो (जीईआर) 50 प्रतिशत तक करना है, जो वर्तमान में 32 प्रतिशत तक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि हरियाणा सरकारी प्रयासों के साथ-साथ गैर-सरकारी समितियों, समाज के प्रबुद्धजनों के सहयोग से इस लक्ष्य को हासिल करेगा। नई शिक्षा नीति में कक्षा 6 से ही व्यावसायिक रूप से विद्यार्थी के हुनर के अनुरूप विषय चुनने का विकल्प दिया गया है, जो इस नीति की सबसे बड़ी खूबी है।

CM Manohar Lal's gift on Rakshabandhan, 11 new colleges announced

मनोहर लाल ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा के नाम से हरियाणा में देश का पहला कौशल विकास विश्वविद्यालय पलवल जिले के दुधोला में खोला गया है। वर्तमान में हजारों युवा इस विश्वविद्यालय में कौशल शिक्षा हासिल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति प्रधानमंत्री का ‘आत्मनिर्भर भारत’ बनाने की दिशा में कारगर सिद्ध होगी। इससे शिक्षा के क्षेत्र में आमूल-चूल परिवर्तन होगा और यह रोजगारपरक होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कार्यक्रम केवल 10 महाविद्यालयों की घोषणा का था, परन्तु आज ही महिला एवं बाल विकास मंत्री कमलेश ढांडा के अनुरोध पर कलायत विधानसभा क्षेत्र के गांव राजौंद में भी कॉलेज खोलने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, अब प्रदेश में एक साथ 11 महाविद्यालय खोले जाएंगे। हमारी बहन-बेटियों के लिए रक्षाबंधन का यह विशेष तोहफा है। उन्होंने कहा कि अब 15 किलोमीटर के दायरे में कोई न कोई महाविद्यालय खोला जा चुका है। सरकार का लक्ष्य 10 किलोमीटर की परिधि में एक महाविद्यालय खोलने का है। उन्होंने प्रदेश के लोगों से आह्वान किया कि अगर किसी क्षेत्र में इससे अधिक दूरी पर महाविद्यालय है तो वे इसे सरकार के संज्ञान में लाएं, तुरन्त कार्रवाई की जाएगी।

मनोहर लाल ने कहा कि ‘सबका साथ-सबका विकास’ की राह पर चलते हुए आज पंचकूला से नूंह तथा जगाधरी से डबवाली तक हर विधानसभा क्षेत्र को कोई न कोई महाविद्यालय दिया गया है। उन्होंने कहा कि इस समय प्रदेश के सभी हलकों में 161 सरकारी महाविद्यालय हैं, जो किसी न किसी विधानसभा क्षेत्र में पड़ते हैं। परन्तु यह हैरानी की बात है कि कांग्रेस के 10 वर्षों के शासनकाल में बरोदा विधानसभा हलके में एक भी महाविद्यालय नहीं खोला गया। इसलिए बरोदा हलके में दो महाविद्यालय दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायती राज संस्थानों में पढ़े-लिखे जनप्रतिनिधि आएं, इसके लिए उन्होंने न्यायालय तक लड़ाई लड़ी। इसका परिणाम यह हुआ कि वर्ष 2016 में 33 प्रतिशत आरक्षण की तुलना में 43 प्रतिशत महिलाएं चुनकर आईं। उन्होंने कहा कि आगामी पंचायती राज चुनावों में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत सीटें आरक्षित की जाएंगी। कन्या भ्रूण-हत्या समाज में एक कलंक है और हरियाणा में इसकी स्थिति कुछ साल पहले और भी खराब थी। इसके मद्देनजर ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत की गई। सरकारी प्रयासों के साथ-साथ, जनसहयोग से इस अभियान के सार्थक परिणाम आए और वर्तमान में लिंगानुपात 923 तक पहुंच गया है जो पहले केवल 871 था।

—PTC NEWS—