अपराध/हादसा

विजिलेंस की कार्रवाई, निगम अधिकारी सहित दो लोगों को रिश्वत लेते किया गिरफ्तार

By Arvind Kumar -- December 13, 2020 10:12 am -- Updated:Feb 15, 2021

यमुनानगर। एक तरफ प्रदेश सरकार हरियाणा को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने की बात कह रही है तो वहीं दूसरी तरफ अधिकारी बिना रिश्वत के कोई काम करने को तैयार नहीं है! रिश्वत भी कोई एक दो हजार नहीं बल्कि लाखों रुपए में ले रहे हैं! ऐसा ही एक मामला यमुनानगर में सामने आया है। यहां निगम के चीफ सेनेटरी ऑफिसर को विजिलेंस ने दो लाख रुपए की रिश्वत लेते समय गिरफ्तार किया है।

Officer Arrested While Taking Bribe विजिलेंस की कार्रवाई, निगम अधिकारी सहित दो लोगों को रिश्वत लेते किया गिरफ्तार

इस मौके पर विजिलेंस ने निगम अधिकारी के साथ उसके दोस्त को भी गिरफ्तार किया है। विजिलेंस ने इन दोनों को सरकारी गाड़ी में ही दो लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोप है कि निगम में सफाई का ठेका जिंदल कुमार लेना चाहता था लेकिन इस काम के लिए उससे निगम अधिकारी अनिल नैन तीन लाख रुपए की रिश्वत मांग रहा था।

Officer Arrested While Taking Bribe विजिलेंस की कार्रवाई, निगम अधिकारी सहित दो लोगों को रिश्वत लेते किया गिरफ्तार

एक लाख रुपए तो जिंदल ने दो दिन पहले ही दे दिया था लेकिन उस पर दो लाख रुपए का दवाब बनाया गया और कहा कि आपके कागजाम तो सही हैं लेकिन अधिकारी उस टेंडर को तब पास करेंगे जब वह उन्हें तीन लाख रुपए देंगे। हालांकि इससे अलग भी पैसे अधिकारियों को देने होंगे नहीं तो काम पर रोक लगा दी जाएगी।
इस मामले में अधिकारी अनिल नैन अपने आप को बेकसूर बता रहे हैं तो वहीं उसका साथी जबरन गाड़ी में पैसे फैंकने की बात कह रहा है। अनिल नैन ने साफ कहा कि उसे रंजिशन फंसाया गया है जबकि उसने किसी से कोई भी पैसे की डिमांड नहीं की थी। इस साजिश में ऑफिस के भी कुछ लोग शामिल हैं जिस टेंडर की बात कही जा रही है।

यह भी पढ़ें- शराब पी तो कोरोना वैक्सीन हो जाएगी बेअसर

यह भी पढ़ें- आप का पंजाब CM पर हमला, “किसान लड़ाई लड़ रहे और कैप्टन ने अडानी से कर दिया कॉन्ट्रैक्ट”

Officer Arrested While Taking Bribe विजिलेंस की कार्रवाई, निगम अधिकारी सहित दो लोगों को रिश्वत लेते किया गिरफ्तार

फिलहाल अनिल नैन को विजिलेंस ने दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है जबकि उसके साथी दीपक को करनाल जेल में भेज दिया गया है। हालांकि इस अधिकारी के पकड़े जाने के बाद अब विजिलेंस के निशाने पर निगम के कई अधिकारी हैं।